कारगिल - वी. पी. मलिक Kargil - Hindi book by - V. P. Malik
लोगों की राय

विविध >> कारगिल

कारगिल

वी. पी. मलिक

प्रकाशक : राजपाल प्रकाशन प्रकाशित वर्ष : 2007
पृष्ठ :383
मुखपृष्ठ :
पुस्तक क्रमांक : 6630
आईएसबीएन :978-81-7028-682

Like this Hindi book 1 पाठकों को प्रिय

88 पाठक हैं

पाकिस्तान के साथ हुए युद्धों में कारगिल सबसे कठिन और ताज़ा युद्ध है....

Kargil - An Hindi Book by V. P. Malik

प्रस्तुत हैं पुस्तक के कुछ अंश

जनरल वी.पी. मलिक कारगिल युद्घ के दौरान भारत की थलसेना के अध्यक्ष(Chief of the Army Staff) थे। उनसे बेहतर यह कोई नहीं जानता कि वे कौन-सी परिस्थितियाँ थीं, जिन्होंने कारगिल युद्ध को अपरिहार्य बनाया तथा इस युद्ध को भारत की शानदार जीत तक ले जाने में सेना ने क्या-क्या रणकौशल अपनाए, कैसी-कैसी कुर्बानियाँ दीं। इस पुस्तक में जनरल मलिक ने पहली बार कारगिल युद्ध के विस्तृत रहस्योद्घाटन किए हैं। हमारे खुफिया और निगरानी-विभागों की आक्रामकता के बजाय सहनशीलता और सीमित मुठभेंड़ों की रणनीति जैसे अनेक आक्षेपों के जवाब भी जनरल मलिक ने इसमें विचारोत्तेजक पुस्तक जिसे हर जागरूक भारतीय पढ़ना चाहेगा।

पाकिस्तान के साथ हुए युद्धों में ‘कारगिल’ सबसे कठिन और ताजा युद्ध है। जब पाकिस्तान ने धोखे से, चोरी-छिपे, कारगिल की दुर्गम पहाड़ियों के एक बड़े हिस्से पर अपनी चौकियां बना ली थी, तब कैसे भारत की थलसेना के वीर जवानों ने और हमारी वायुसेना ने पाकिस्तानी घुसपैठियों को वहाँ से खदेड़ा, पूरी तरह परास्त किया और फिर से सारी भूमि पर अपना तिरंगा फहराया। युद्धों के इतिहास में यह एक अभूतपूर्व विजय है

इस हिंदी संस्करण का विशेष आकर्षण है, पाकिस्तान के डिक्टेटर परवेज मुशर्रफ की हाल ही में प्रकाशित हुई पुस्तक ‘इन द लाइन ऑफ फायर’ में किये गये झूठे दावों का मुँहतोड़ उत्तर, जो इस पुस्तक के लेखक जनरल वी. पी. मलिक ने दिया है-पूरे प्रमाणों के साथ।

भारत-पाक संबंधों और कश्मीर की समस्या को समझने के लिए यह पुस्तक एक आवश्यक दस्तावेज है।


प्रथम पृष्ठ

लोगों की राय

No reviews for this book