शब्द का अर्थ
|
अवार :
|
पुं० [सं०√वृ (वरण)+घञ्, न० त०] १. नदी के इस ओर की किनारा। ‘पार’ का विपर्याय। २. इस ओर पार्श्व या सिरेवाला पक्ष। |
|
समानार्थी शब्द-
उपलब्ध नहीं |
अवारजा :
|
पुं० [फा० अवार्ज, कदाचित् सं० आवर्ज्य से व्यु०] १. वह बही जिसमें असामी की जोत आदि का लेखा रहता है। २. दैनिक-आय-व्यय आदि लिखने की बही। ३. दोहराने या मिलान करने की क्रिया या भाव। मुहावरा—अवारजा करना=बही में लिखना। उदाहरण—अरि अवारजा प्रेम प्रीति कौ, असल तहाँ खतियावै।—सूर। ३. संक्षिप्त लेखा या विवरण। |
|
समानार्थी शब्द-
उपलब्ध नहीं |
अवारण :
|
वि० [सं० न० ब०] १. जिसका वारण या निषेध न हो सके। सुनिश्चित । २. दे० ‘अनिवार्य’। |
|
समानार्थी शब्द-
उपलब्ध नहीं |
अवारणीय :
|
वि० [सं० न० त०] जिसका वारण न किया जा सकता हो, फलतः अनिवार्य या असाध्य। जैसे—अवारणीय रोग। |
|
समानार्थी शब्द-
उपलब्ध नहीं |
अवारना :
|
स० [सं० वारण] १. रोकना। २. मना करना। स० =वारना (निछावर करना)।(यह शब्द केवल पद्य में प्रयुक्त हुआ है) |
|
समानार्थी शब्द-
उपलब्ध नहीं |
अवारपार :
|
पुं० [सं० अवार-पार, द्व० स०+अच्] समुद्र। अव्य० =आर-पार। |
|
समानार्थी शब्द-
उपलब्ध नहीं |
अवारा :
|
वि० दे० ‘आवारा’। |
|
समानार्थी शब्द-
उपलब्ध नहीं |
अवारिका :
|
स्त्री० [सं० न-वारि, न० ब० कप्-टाप्] धनिया। |
|
समानार्थी शब्द-
उपलब्ध नहीं |
अवारिजा :
|
पुं० दे० ‘अवारजा’। |
|
समानार्थी शब्द-
उपलब्ध नहीं |
अवारित :
|
वि० [सं० न० त०] १ ०जो वारित न हुआ हो, अर्थात् जिसके संबंध में कोई बाधा या रुकावट न हो। २. जो अवरुद्ध या बंद न हो। जैसे—अवारित द्वार। |
|
समानार्थी शब्द-
उपलब्ध नहीं |
अवारी :
|
स्त्री० [सं० अवार] १. किनारा। सिरा। २. मोड़। ३. छेद। ४. मुँह। स्त्री० [सं० वारण] लगाम।(यह शब्द केवल स्थानिक रूप में प्रयुक्त हुआ है) |
|
समानार्थी शब्द-
उपलब्ध नहीं |
अवार्य :
|
वि० [सं० न० त०] =अवारणीय। |
|
समानार्थी शब्द-
उपलब्ध नहीं |